BCCI Chief Selector News: अजीत अगरकर के बाद नए चीफ सेलेक्टर पर सस्पेंस, 2027 वर्ल्ड कप से पहले बड़ा फैसला
नई दिल्ली: भारतीय क्रिकेट कंट्रोल बोर्ड (BCCI) की चयन समिति में बदलाव को लेकर स्थिति स्पष्ट नहीं है। पूर्व चीफ सेलेक्टर अजीत अगरकर के बाद अब भारतीय टीम के अगले मुख्य चयनकर्ता को लेकर चर्चा तेज हो गई है। बोर्ड के सामने नए चीफ सेलेक्टर की नियुक्ति करने या मौजूदा चयन व्यवस्था को जारी रखने जैसे विकल्प बताए जा रहे हैं।
2027 में होने वाले वनडे क्रिकेट वर्ल्ड कप को देखते हुए चयन समिति का फैसला अहम माना जा रहा है। टीम के खिलाड़ियों के चयन, भविष्य की योजनाओं और बड़े टूर्नामेंट की तैयारियों में निरंतरता बनाए रखना बोर्ड की प्राथमिकताओं में शामिल हो सकता है।
अजीत अगरकर के बाद किसे मिलेगी जिम्मेदारी?
अजीत अगरकर के कार्यकाल के बाद नए चीफ सेलेक्टर को लेकर कई नामों की चर्चा हो रही है। हालांकि, उपलब्ध जानकारी के आधार पर किसी नए मुख्य चयनकर्ता की नियुक्ति को अंतिम नहीं माना जा सकता। बीसीसीआई की ओर से आधिकारिक घोषणा होने तक इस विषय पर स्थिति स्पष्ट नहीं होगी।
मुख्य चयनकर्ता की भूमिका भारतीय टीम के लिए खिलाड़ियों के चयन, टीम संयोजन और भविष्य की योजनाओं से जुड़ी होती है। इसलिए इस पद पर नियुक्ति का असर आगामी अंतरराष्ट्रीय मुकाबलों और 2027 वर्ल्ड कप की तैयारी पर पड़ सकता है।
पार्थिव पटेल ने क्यों नहीं किया आवेदन?
रिपोर्ट्स के मुताबिक, अजीत अगरकर की जगह लेने के लिए पूर्व भारतीय विकेटकीपर-बल्लेबाज पार्थिव पटेल का नाम प्रमुखता से चर्चा में था। लेकिन 14 अक्टूबर 2026 को आवेदन की समयसीमा समाप्त होने तक उन्होंने इस पद के लिए आवेदन नहीं किया। इससे नए चयनकर्ता की नियुक्ति को लेकर अटकलें बढ़ गई हैं।
पार्थिव पटेल गुजरात टाइटंस के कोचिंग सेटअप और कमेंट्री से भी जुड़े हुए हैं। हालांकि, उनके आवेदन नहीं करने के पीछे की वजह को लेकर कोई आधिकारिक स्पष्टीकरण सामने नहीं आया है।
प्रज्ञान ओझा की भूमिका पर सबकी नजर
फिलहाल प्रज्ञान ओझा अंतरिम रूप से चयन समिति की अध्यक्षता कर रहे हैं। मौजूदा चयनकर्ताओं में उनके टेस्ट मैचों का अनुभव अधिक होने के कारण उनके इस जिम्मेदारी पर बने रहने की संभावना पर चर्चा हो रही है। हालांकि, बीसीसीआई की ओर से स्थायी नियुक्ति को लेकर अंतिम फैसला घोषित किया जाना बाकी है।
ओझा के अलावा पूर्व भारतीय क्रिकेटर रमेश पवार और समीर दिघे के नाम भी संभावित विकल्पों के तौर पर चर्चा में हैं। इन नामों पर स्थिति बोर्ड के फैसले और चयन प्रक्रिया के आगे बढ़ने के बाद ही स्पष्ट होगी।
VVS लक्ष्मण की भूमिका भी अहम
बीसीसीआई के सेंटर ऑफ एक्सीलेंस (CoE) के प्रमुख वीवीएस लक्ष्मण की भूमिका को लेकर भी चर्चा हो रही है। रिपोर्ट्स के अनुसार, उन्हें चयन समिति की बैठकों में शामिल किया जा रहा है, ताकि चयनकर्ताओं और सेंटर ऑफ एक्सीलेंस के बीच बेहतर तालमेल बना रहे।
हालांकि, लक्ष्मण को चीफ सेलेक्टर बनाए जाने की कोई आधिकारिक घोषणा नहीं हुई है। उनकी मौजूदा भूमिका और चयन प्रक्रिया में उनकी भागीदारी को अलग-अलग समझना जरूरी है।
2027 वर्ल्ड कप से पहले चयन समिति का फैसला अहम
भारत में अगले साल होने वाले वनडे वर्ल्ड कप को देखते हुए चयन समिति की स्थिरता महत्वपूर्ण है। टीम के लिए सही खिलाड़ियों की पहचान, घरेलू और अंतरराष्ट्रीय प्रदर्शन का आकलन, बेंच स्ट्रेंथ तैयार करना और खिलाड़ियों की फिटनेस पर नजर रखना चयनकर्ताओं की प्रमुख जिम्मेदारियों में शामिल है।
नए चीफ सेलेक्टर की नियुक्ति में बोर्ड को अनुभव, उपलब्धता और भविष्य की टीम योजनाओं जैसे पहलुओं पर विचार करना होगा। अगर अंतरिम व्यवस्था जारी रहती है, तो भी चयन समिति को आगामी सीरीज और वर्ल्ड कप की तैयारियों से जुड़े फैसले लेने होंगे।
फिलहाल क्या है स्थिति? अजीत अगरकर के बाद नए चीफ सेलेक्टर को लेकर फैसला लंबित है। पार्थिव पटेल के आवेदन नहीं करने के बाद प्रज्ञान ओझा की भूमिका, रमेश पवार और समीर दिघे जैसे संभावित नामों तथा वीवीएस लक्ष्मण की भागीदारी पर चर्चा जारी है। बीसीसीआई की आधिकारिक घोषणा के बाद ही तस्वीर पूरी तरह साफ होगी।

