महिलाओं के सम्मान पर प्रहार करने वाली कांग्रेस को मातृशक्ति देगी करारा जवाब: दीप्ति रावत
मातृशक्ति के अपमान पर केवल पोस्ट हटाना नाकाफी, कांग्रेस नेतृत्व सार्वजनिक माफी मांगे: दीप्ति रावत
महिलाओं पर अभद्र सोशल मीडिया कंटेंट कांग्रेस की महिला विरोधी मानसिकता का प्रमाण: रुचि भट्ट
देहरादून, 30 अक्टूबर। भारतीय जनता पार्टी (भाजपा) महिला मोर्चा ने कांग्रेस के आधिकारिक सोशल मीडिया अकाउंट से राष्ट्रीय सेविका समिति की महिलाओं के प्रति की गई कथित अभद्र और आपत्तिजनक टिप्पणी पर कड़ी नाराजगी जताई है। भाजपा महिला मोर्चा ने इसे मातृशक्ति के सम्मान पर हमला बताते हुए कांग्रेस नेतृत्व से सार्वजनिक रूप से माफी मांगने की मांग की है। भाजपा नेताओं का कहना है कि सोशल मीडिया से आपत्तिजनक कंटेंट हटाना पर्याप्त नहीं है। कांग्रेस को अपनी गलती स्वीकार करते हुए भविष्य में महिलाओं की गरिमा के विरुद्ध ऐसी भाषा का इस्तेमाल नहीं करने का संकल्प लेना चाहिए।
कांग्रेस की महिला विरोधी मानसिकता पर दीप्ति रावत का हमला
देहरादून स्थित भाजपा प्रदेश मुख्यालय में शुक्रवार को राष्ट्रीय सेविका समिति की महिलाओं के प्रति कांग्रेस के आधिकारिक सोशल मीडिया हैंडल से की गई कथित अभद्र टिप्पणी के विरोध में भाजपा महिला मोर्चा ने प्रेस वार्ता आयोजित की। इस दौरान भाजपा प्रदेश महामंत्री दीप्ति रावत ने कांग्रेस की कार्यशैली और महिलाओं के प्रति उसके कथित दोहरे रवैये पर सवाल उठाए।
दीप्ति रावत ने कहा कि महिलाओं के प्रति बार-बार अमर्यादित भाषा का इस्तेमाल करना बेहद दुर्भाग्यपूर्ण है। राष्ट्रीय सेविका समिति की महिलाओं के खिलाफ की गई टिप्पणी केवल किसी एक संगठन की महिलाओं का अपमान नहीं है, बल्कि यह देश और प्रदेश की समस्त मातृशक्ति के सम्मान से जुड़ा विषय है।
उन्होंने कहा कि जो संगठन महिलाओं के सम्मान और सशक्तीकरण की बात करता है, उसके आधिकारिक सोशल मीडिया मंच से महिलाओं के लिए इस तरह की भाषा का इस्तेमाल होना गंभीर सवाल खड़े करता है। इस प्रकार की टिप्पणियां महिलाओं के प्रति संबंधित संगठन के दृष्टिकोण को उजागर करती हैं।
राष्ट्रसेवा में जुटी महिलाओं का अपमान बर्दाश्त नहीं
दीप्ति रावत ने कहा कि राष्ट्रीय सेविका समिति की महिलाएं राष्ट्रसेवा, सामाजिक समरसता, संस्कार और महिला जागरण के क्षेत्र में लंबे समय से काम कर रही हैं। ऐसी महिलाओं के प्रति अपमानजनक भाषा का प्रयोग करना निंदनीय है।
उन्होंने कहा कि महिलाओं का सम्मान किसी राजनीतिक दल की कृपा पर निर्भर नहीं है। देश की नारी शक्ति अपने आत्मसम्मान, विचारों और कार्यों के दम पर समाज में अपनी अलग पहचान बना रही है। राष्ट्रीय सेविका समिति की महिलाएं भी लंबे समय से राष्ट्र निर्माण और सामाजिक चेतना के कार्यों में योगदान दे रही हैं।
दीप्ति रावत के अनुसार, राजनीतिक या वैचारिक मतभेदों के बावजूद महिलाओं के प्रति सम्मान और संवाद की मर्यादा बनाए रखना जरूरी है। किसी संगठन या विचारधारा का विरोध करने के नाम पर महिलाओं के लिए अपमानजनक भाषा का इस्तेमाल करना लोकतांत्रिक परंपराओं के अनुरूप नहीं है।
महिला सशक्तीकरण के दावों पर कांग्रेस से पूछे सवाल
भाजपा प्रदेश महामंत्री ने कांग्रेस पर महिला सम्मान को लेकर दोहरा रवैया अपनाने का आरोप लगाया। उन्होंने कहा कि एक ओर कांग्रेस अपने मंचों से महिला सशक्तीकरण की बात करती है, वहीं दूसरी ओर उसके नेताओं और आधिकारिक सोशल मीडिया मंचों से महिलाओं के प्रति आपत्तिजनक टिप्पणियां सामने आने के आरोप लगते हैं।
उन्होंने कहा कि महिलाओं के सम्मान को राजनीतिक विचारधारा और संगठनात्मक मतभेदों से ऊपर रखा जाना चाहिए। कांग्रेस को महिलाओं के सम्मान की बात करने से पहले अपने आचरण और भाषा पर आत्ममंथन करना चाहिए।
दीप्ति रावत ने मांग की कि कांग्रेस नेतृत्व इस मामले में सार्वजनिक रूप से माफी मांगे और आपत्तिजनक टिप्पणी के लिए जिम्मेदार लोगों के खिलाफ उचित कार्रवाई करे। उन्होंने कहा कि केवल सोशल मीडिया पोस्ट हटाने से जिम्मेदारी पूरी नहीं हो जाती। कांग्रेस को यह स्पष्ट करना चाहिए कि भविष्य में इस तरह की घटनाओं की पुनरावृत्ति रोकने के लिए क्या कदम उठाए जाएंगे।
रुचि भट्ट ने भी जताई नाराजगी
भाजपा महिला मोर्चा की प्रदेश अध्यक्ष रुचि भट्ट ने भी इस पूरे घटनाक्रम पर दुख व्यक्त किया। उन्होंने कहा कि राष्ट्रीय सेविका समिति की महिलाओं के प्रति कांग्रेस के आधिकारिक सोशल मीडिया हैंडल से की गई कथित अभद्र टिप्पणी ने संवेदनशील महिलाओं को आहत किया है।
रुचि भट्ट ने कहा कि महिलाओं के प्रति अपमानजनक शब्दों का इस्तेमाल केवल संबंधित महिलाओं तक सीमित नहीं रहता, बल्कि यह समाज और राष्ट्र के निर्माण में महिलाओं के योगदान के प्रति भी असम्मान दर्शाता है।
उन्होंने कहा कि भाजपा महिला मोर्चा प्रदेश की प्रत्येक महिला के सम्मान और स्वाभिमान की रक्षा के लिए प्रतिबद्ध है। किसी भी महिला या महिला संगठन के प्रति अभद्र भाषा का प्रयोग स्वीकार नहीं किया जा सकता।
रुचि भट्ट ने स्पष्ट किया कि महिला मोर्चा महिलाओं के सम्मान से जुड़े मुद्दों पर अपनी आवाज उठाता रहेगा। उन्होंने कहा कि महिलाओं का अपमान करके कांग्रेस अपनी राजनीतिक कुंठा को छिपाने की कोशिश न करे। देश की महिलाएं जागरूक और अपने अधिकारों के प्रति सजग हैं।
सार्वजनिक माफी और भविष्य में ऐसी भाषा का इस्तेमाल नहीं करने की मांग
भाजपा महिला मोर्चा ने कांग्रेस नेतृत्व से मांग की कि राष्ट्रीय सेविका समिति की महिलाओं के प्रति की गई कथित अभद्र टिप्पणी पर तत्काल सार्वजनिक माफी मांगी जाए। साथ ही, इस मामले में जिम्मेदार लोगों के खिलाफ कार्रवाई की जाए और भविष्य में महिलाओं के सम्मान एवं गरिमा के विरुद्ध इस तरह की भाषा का इस्तेमाल नहीं करने का संकल्प लिया जाए।
भाजपा नेताओं ने कहा कि नारी सम्मान भारतीय संस्कृति, सामाजिक मर्यादा और राष्ट्र निर्माण का महत्वपूर्ण आधार है। महिलाओं के सम्मान को ठेस पहुंचाने वाली किसी भी टिप्पणी का लोकतांत्रिक तरीके से विरोध किया जाना चाहिए।
दीप्ति रावत ने कहा कि महिलाओं के सम्मान पर प्रहार करने वालों को देश की मातृशक्ति लोकतांत्रिक तरीके से करारा जवाब देगी। उन्होंने दोहराया कि महिलाओं की गरिमा और स्वाभिमान की रक्षा के लिए भाजपा महिला मोर्चा आगे भी अपनी आवाज बुलंद करता रहेगा।
प्रेस वार्ता में ये नेता भी रहीं मौजूद
इस प्रेस वार्ता में भाजपा की प्रदेश मंत्री नेहा जोशी, प्रदेश प्रवक्ता कमलेश रमन और भाजपा महिला मोर्चा की प्रदेश मीडिया प्रभारी डॉ. दिव्या नेगी भी मौजूद रहीं।

