राहुल गांधी की रैली से दिल्ली के व्यापारियों को नुकसान का डर, CTI ने 20 बाजारों में पोस्टर अभियान शुरू किया
दिवाली से ठीक पहले दिल्ली में व्यापारियों और उद्यमियों ने रामलीला मैदान में होने वाली रैली को लेकर चिंता जताई है। व्यापारियों के शीर्ष संगठन चैंबर ऑफ ट्रेड एंड इंडस्ट्री (CTI) ने आशंका जताई है कि रैली के कारण राजधानी के प्रमुख बाजारों में यातायात प्रभावित हो सकता है। इससे दिवाली के त्योहार पर होने वाली खरीदारी और कारोबार पर असर पड़ने की संभावना है।
CTI ने इस मुद्दे को लेकर पोस्टर अभियान शुरू किया है। संगठन का कहना है कि रामलीला मैदान में बड़ी संख्या में लोगों और वाहनों के पहुंचने से आसपास के बाजारों में व्यापार प्रभावित हो सकता है।
राहुल गांधी के नाम पोस्टर अभियान शुरू
CTI के चेयरमैन बृजेश गोयल ने इस मामले में राहुल गांधी को संबोधित करते हुए पोस्टर अभियान शुरू करने की जानकारी दी। उन्होंने कहा कि ये पोस्टर राहुल गांधी के लिए एक आईने की तरह हैं।
बृजेश गोयल ने कहा, “आप भारत जोड़ो यात्रा में मोहब्बत की दुकान खोलने की बात करते हैं, लेकिन दिल्ली के व्यापारियों की परेशानी को भी समझना चाहिए।”
CTI का कहना है कि त्योहारों के समय बाजारों में ग्राहकों की संख्या बढ़ जाती है। ऐसे में यदि रामलीला मैदान के आसपास बड़े स्तर पर यातायात बाधित होता है, तो दुकानदारों और कारोबारियों को नुकसान उठाना पड़ सकता है।
रामलीला मैदान के आसपास 20 बाजारों में महा-अभियान
CTI ने रामलीला मैदान के पांच किलोमीटर के दायरे में आने वाले 20 प्रमुख थोक बाजारों में पोस्टर अभियान चलाने का ऐलान किया है।
संगठन के मुताबिक, रामलीला मैदान के आसपास कई बड़े व्यापारिक बाजार स्थित हैं। इन बाजारों में रोजाना बड़ी संख्या में व्यापारी, ग्राहक और माल की आवाजाही होती है। दिवाली के दौरान कारोबार और खरीदारी बढ़ने से इन बाजारों में गतिविधियां और तेज हो जाती हैं।
CTI का मानना है कि रैली के कारण सड़कों पर भीड़ और वाहनों का दबाव बढ़ने से इन बाजारों तक पहुंचना मुश्किल हो सकता है।
10 लाख लोगों और 20 हजार गाड़ियों के पहुंचने का अनुमान
CTI चेयरमैन बृजेश गोयल ने दावा किया कि रामलीला मैदान में रैली के दौरान करीब 10 लाख लोगों और 20 हजार गाड़ियों के पहुंचने की आशंका है।
उन्होंने कहा कि ऐसी स्थिति में सबसे पहले रामलीला मैदान के आसपास स्थित 20 बाजारों का कारोबार प्रभावित होगा। व्यापारियों को डर है कि ग्राहकों के बाजार तक नहीं पहुंच पाने और ट्रैफिक जाम के कारण दिवाली की बिक्री पर असर पड़ सकता है।
दिवाली के कारोबार पर पड़ सकता है असर
दिवाली दिल्ली के कारोबारियों के लिए साल के सबसे महत्वपूर्ण व्यापारिक अवसरों में से एक है। इस दौरान कपड़े, इलेक्ट्रॉनिक्स, सजावटी सामान, मिठाई, बर्तन और अन्य वस्तुओं की बिक्री बढ़ जाती है।
ऐसे समय में बाजारों के आसपास यातायात बाधित होने से ग्राहकों की आवाजाही प्रभावित हो सकती है। इसके अलावा माल की सप्लाई और दुकानों तक सामान पहुंचाने में भी परेशानी आने की आशंका है।
CTI ने इसी वजह से रैली के आयोजन से जुड़े लोगों और संबंधित पक्षों से व्यापारियों की समस्याओं पर ध्यान देने की अपील की है।
व्यापारियों ने उठाई बाजारों की परेशानी की आवाज
CTI का कहना है कि लोकतांत्रिक कार्यक्रमों और राजनीतिक रैलियों के आयोजन के दौरान आसपास के व्यापारिक क्षेत्रों की जरूरतों को भी ध्यान में रखा जाना चाहिए। संगठन चाहता है कि त्योहारों के दौरान व्यापारियों और ग्राहकों को अनावश्यक परेशानी का सामना न करना पड़े।
फिलहाल CTI का पोस्टर अभियान दिल्ली के 20 बाजारों तक पहुंचाने की तैयारी है। अब इस मुद्दे पर संबंधित पक्षों की प्रतिक्रिया और प्रशासन की यातायात व्यवस्था पर नजर रहेगी।

